Shram Kalyan Yojana 2026-27 : बीड़ी, सिनेमा और खनन क्षेत्रों में काम करने वाले श्रमिकों के परिवार अक्सर आर्थिक तंगी झेलते हैं। ऐसे में बच्चों की पढ़ाई का खर्च उठाना मुश्किल हो जाता है। केंद्र सरकार की श्रम कल्याण छात्रवृत्ति योजना 2026-27 इन्हीं परिवारों के बच्चों की शिक्षा को सहारा देने के लिए लाई गई है। इस योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों को कक्षा और कोर्स के अनुसार सालाना ₹1,000 से लेकर ₹25,000 तक की आर्थिक सहायता मिलती है।

यह योजना श्रम एवं रोजगार मंत्रालय के श्रम कल्याण संगठन के तहत चलती है। आवेदन राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (NSP) पर ऑनलाइन होते हैं और राशि सीधे बैंक खाते में DBT के जरिए भेजी जाती है।
योजना का उद्देश्य और कवरेज
योजना का मकसद बीड़ी श्रमिक, सिने वर्कर्स तथा लौह अयस्क, मैंगनीज, क्रोम अयस्क (IOMC), चूना पत्थर एवं डोलोमाइट (LSDM) और माइका माइंस जैसे क्षेत्रों में काम करने वाले पात्र श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा जारी रखने में मदद करना है। कक्षा 1 से लेकर प्रोफेशनल डिग्री कोर्स तक के विद्यार्थी इसमें शामिल हो सकते हैं। प्री-मैट्रिक (कक्षा 1-10) और पोस्ट-मैट्रिक (कक्षा 11 और उससे ऊपर) दोनों श्रेणियां हैं।
छात्रवृत्ति की राशि (2026-27)
राशि कक्षा/कोर्स के अनुसार तय है:
- कक्षा 1 से 4: ₹1,000 प्रति वर्ष
- कक्षा 5 से 8: ₹1,500 प्रति वर्ष
- कक्षा 9 और 10: ₹2,000 प्रति वर्ष
- कक्षा 11 और 12: ₹3,000 प्रति वर्ष
- ITI / पॉलिटेक्निक / सामान्य डिग्री कोर्स: ₹6,000 प्रति वर्ष
- प्रोफेशनल कोर्स (जैसे इंजीनियरिंग, मेडिकल, एमबीए आदि): ₹25,000 प्रति वर्ष
यह राशि हर साल पात्रता पूरी होने पर मिलती है।
पात्रता की शर्तें
- माता या पिता में से कोई एक पात्र श्रेणी का श्रमिक होना चाहिए और कम से कम 6 महीने की सेवा पूरी कर चुका हो। ठेका और मैनुअल श्रमिक भी संबंधित शर्तों के तहत शामिल हो सकते हैं।
- विद्यार्थी भारत के सरकारी या सरकार द्वारा मान्यता प्राप्त संस्थान में नियमित (रेगुलर) कोर्स में पढ़ रहा हो। पत्राचार कोर्स पात्र नहीं हैं।
- पिछली अर्हक परीक्षा पास होनी चाहिए। न्यूनतम अंकों की कोई बाध्यता नहीं है।
- दूसरी किसी छात्रवृत्ति या स्टाइपेंड से लाभ लेने वाले विद्यार्थी आमतौर पर पात्र नहीं माने जाते।
- विद्यार्थी का अपना अलग बैंक खाता होना जरूरी है।
- बीड़ी और सिने श्रमिक परिवारों के लिए आय संबंधी सीमा लागू हो सकती है (मासिक आय ₹10,000 से अधिक न हो)। खनन क्षेत्र के कुछ श्रमिकों के लिए वेतन सीमा अलग है।
पात्रता की पूरी जांच आधिकारिक पोर्टल और दस्तावेजों के आधार पर होती है।
जरूरी दस्तावेज
आवेदन से पहले ये दस्तावेज तैयार रखें:
- श्रमिक का पहचान पत्र / पंजीकरण विवरण
- विद्यार्थी और अभिभावक का आधार कार्ड
- पिछली परीक्षा की अंकतालिका / पासिंग सर्टिफिकेट
- आय प्रमाणपत्र (जहां लागू हो)
- संस्थान का बोनाफाइड या फीस रसीद
- विद्यार्थी के बैंक पासबुक की कॉपी (खाता नंबर और IFSC के साथ)
- पासपोर्ट साइज फोटो
आवेदन प्रक्रिया (स्टेप बाय स्टेप)
- राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (scholarships.gov.in) पर जाएं।
- सबसे पहले One Time Registration (OTR) पूरा करें। आधार आधारित यह प्रक्रिया अनिवार्य है। OTR आईडी और पासवर्ड मिल जाएगा।
- OTR आईडी से लॉगिन करें।
- श्रम एवं रोजगार मंत्रालय की योजना चुनें – “Financial Assistance for Education to the Wards of Beedi/Cine/IOMC/LSDM Workers” (Post-Matric या Pre-Matric के अनुसार)।
- व्यक्तिगत, शैक्षणिक और श्रमिक संबंधी जानकारी सही-सही भरें।
- सभी जरूरी दस्तावेज अपलोड करें।
- बैंक विवरण चेक करें और फॉर्म सबमिट करें।
- आवेदन नंबर सुरक्षित रखें। संस्थान सत्यापन के बाद आगे की प्रक्रिया चलती है।
महत्वपूर्ण तारीखें (2026-27):

- प्री-मैट्रिक आवेदन: 31 अगस्त 2026 तक (समाप्त)
- पोस्ट-मैट्रिक आवेदन: 31 अक्टूबर 2026 तक
- संस्थान सत्यापन: नवंबर 2026 के मध्य तक
आवेदन मुफ्त है। CSC से कराने पर मामूली सर्विस चार्ज लग सकता है।

आवेदन करते समय ध्यान रखने वाली बातें
- सारी जानकारी सही और दस्तावेजों से मिलती-जुलती होनी चाहिए। गलत जानकारी से आवेदन रद्द हो सकता है।
- बैंक खाता विद्यार्थी के नाम पर और आधार से लिंक हो।
- अंतिम तिथि से पहले ही आवेदन जमा कर लें। देर होने पर अवसर हाथ से निकल जाता है।
- आवेदन की स्थिति NSP पोर्टल या PFMS से चेक कर सकते हैं।
यह योजना सिर्फ आर्थिक मदद नहीं, बल्कि श्रमिक परिवारों के बच्चों को आगे बढ़ने का मौका देती है। अगर आप या आपके परिवार का कोई सदस्य पात्र श्रेणी का श्रमिक है और बच्चा पढ़ाई कर रहा है, तो NSP पोर्टल पर जाकर जल्द आवेदन करें। आधिकारिक वेबसाइट scholarships.gov.in पर पात्रता और दस्तावेजों की नवीनतम जानकारी जरूर चेक करें।







